International News 

सीरिया में निरीक्षकों ने शुरू की रासायनिक हमले से जुड़ी जांच

दमिश्क: अमेरिका और उसके सहयोगी देशों द्वारा सीरिया में हवाई हमले किए जाने के बाद अंतरराष्ट्रीय निरीक्षकों ने दमिश्क के निकट कथित रासायनिक हमले से जुड़ी जांच आरंभ की. रासायनिक हथियार निरोधक संगठन ‘ ओपीसीडब्ल्यू ’ के विशेषज्ञों का एक दल हमले के कुछ घंटे बाद ही दमिश्क पहुंचा था. दूसरी तरफ, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने अपने ईरानी समकक्ष हसन रुहानी से कहा कि अगर पश्चिमी देशों ने सीरिया पर फिर से हवाई हमले किए तो अंतरराष्ट्रीय संबंधों में ‘ अराजकता ’ पैदा हो जाएगी. अमेरिका के नेतृत्व में सीरिया के रासायनिक हथियारों वाले स्थानों पर हवाई हमले होने के एक दिन बाद पुतिन और रूहानी ने फोन पर बात की.

क्रेमलिन की ओर से जारी बयान के मुताबिक पुतिन ने कहा, ‘‘ अगर संयुक्त राष्ट्र चार्टर का उल्लंघन करते हुए इस तरह की कार्रवाई फिर की गई तो इससे अंतरराष्ट्रीय संबंधों में अराजकता पैदा हो जाएगी. ’’ बयान के अनुसार दोनों नेताओं ने कहा कि ‘ गैरकानूनी कार्रवाई ’ से सीरिया में राजनीतिक समाधान की संभावनाओं को नुकसान पहुंचा है.

 

अमेरिका , फ्रांस और ब्रिटेन ने बीते शनिवार को सीरिया के दूमा में रासायनिक हथियारों वाले स्थानों पर हवाई हमले किए थे. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सीरिया में अमेरिका और इसके सहयोगी देशों की ओर से किए गए हवाई हमले की तारीफ ‘‘ मिशन पूरा हुआ ’’ के तौर पर करने का बचाव किया. इस बीच , अमेरिका ने यह भी कहा है कि सीरिया के कथित रसायनिक हमले को लेकर उसके सहयोगी रूस पर नए प्रतिबंध लगाया जा सकता है.

संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका की दूत निक्की हेली ने कहा कि इन प्रतिबंधों के जरिए उन कंपनियों को निशाना बनाए जाएगा जिन्होंने सीरिया के शासन को ये रसायनिक हथियार उपलब्ध कराए थे.  



Reported By:Admin
Indian news TV